फतेहपुर (जाफरगंज): जनपद के जाफरगंज थाना क्षेत्र के धौरहरा गांव में एक अत्यंत हृदयविदारक घटना सामने आई है, जिसने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। पारिवारिक विवाद और कथित घरेलू हिंसा से तंग आकर एक महिला ने अपने दो बच्चों के साथ जहरीला पदार्थ खा लिया। इस त्रासदी में मां और उसके दो मासूम बच्चों की मौत हो गई, जबकि एक अन्य बेटा बाल-बाल बच गया।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, 30 वर्षीय राजकली लंबे समय से घरेलू कलह, आर्थिक तंगी और पति द्वारा की जा रही मारपीट से परेशान थी। परिजनों का आरोप है कि उसका पति रज्जन शराब के नशे में अक्सर उसके साथ क्रूरता करता था। घटना वाले दिन भी विवाद के बाद महिला ने हताशा में यह आत्मघाती कदम उठाया।
राजकली ने अपने चार वर्षीय बेटे ‘छोटू’ (राज) और एक वर्षीय पुत्र सौरभ को जहरीला पदार्थ खिलाने के बाद स्वयं भी सेवन कर लिया। महिला ने अपने आठ वर्षीय बेटे शिवा को भी जहर देने का प्रयास किया, लेकिन वह चतुराई से जान बचाकर भाग निकला और पड़ोसियों को घटना की सूचना दी।
अस्पताल में तोड़ा दम
ग्रामीणों की मदद से महिला और बच्चों को तत्काल बिंदकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने चार वर्षीय छोटू को मृत घोषित कर दिया। महिला और एक वर्षीय सौरभ को गंभीर हालत में कानपुर के हैलट अस्पताल रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान दोनों की भी मृत्यु हो गई।
अंतिम संस्कार के दौरान हुआ हंगामा
घटना के बाद मायके पक्ष के लोगों ने आक्रोश जताते हुए अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि महिला को लंबे समय से प्रताड़ित किया जा रहा था। उन्होंने दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग को लेकर करीब दो घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया। क्षेत्राधिकारी (CO) ब्रजमोहन और उपजिलाधिकारी के मौके पर पहुंचकर निष्पक्ष जांच व सख्त कार्रवाई का आश्वासन देने के बाद ही परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक (SP) अभिमन्यु मांगलिक ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि मृतका के परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महिला के पति रज्जन, सास राम दुलारी और जेठानी गीता को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में नामजद जेठ कमल की तलाश में पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं।
पुलिस का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर सभी दोषियों के खिलाफ कठोर विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।








