केडीए उपाध्यक्ष का रिपोर्ट कार्ड: 2 साल में 1 अरब की जमीन मुक्त, आय हुई दोगुनी और शुरू हुआ ई-फाइलिंग का युग

 

कानपुर | ब्यूरो चीफ राहुल द्विवेदी कानपुर विकास प्राधिकरण (KDA) के उपाध्यक्ष मदन सिंह गब्र्याल के दो साल दो माह का कार्यकाल उपलब्धियों और कड़े फैसलों के नाम रहा है। इस दौरान जहाँ एक ओर प्राधिकरण ने भूमाफियाओं के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई, वहीं दूसरी ओर डिजिटल गवर्नेंस की दिशा में कदम बढ़ाते हुए ई-फाइलिंग सिस्टम की भी शुरुआत की।

भूमाफियाओं पर चला बुलडोजर: ₹1 अरब की जमीन मुक्त

उपाध्यक्ष के कार्यकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि अवैध कब्जों के खिलाफ की गई कार्रवाई रही। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भूमाफियाओं के चंगुल से 1 अरब रुपये से अधिक की बेशकीमती सरकारी जमीन को मुक्त कराया गया। लगातार चली बुलडोजर कार्रवाई ने अवैध निर्माण करने वालों के बीच शासन की सख्ती का स्पष्ट संदेश दिया है।

राजस्व में ऐतिहासिक उछाल

वित्तीय मोर्चे पर केडीए ने नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं। शमन (Compounding), प्लॉट और फ्लैटों की रिकॉर्ड बिक्री के कारण प्राधिकरण की आय लगभग दोगुनी हो गई है।

वित्तीय वर्ष की कुल आय: ₹1100 करोड़ से अधिक।

प्रमुख स्रोत: संपत्तियों की पारदर्शी बिक्री और लंबित मामलों का निस्तारण।

विकास योजनाओं को मिली नई रफ्तार

शासन ने पहली बार केडीए की ₹715 करोड़ की भारी-भरकम परियोजनाओं को एकमुश्त हरी झंडी दी है। इनमें से ₹150 करोड़ की राशि आवंटित भी हो चुकी है। प्रमुख कार्य निम्नलिखित हैं:

मैनावती मार्ग: मार्ग चौड़ीकरण का कार्य।

कनेक्टिविटी: बैराज राज्य मार्ग को जोड़ने वाली दो नई कनेक्टिंग रोड।

पर्यावरण: बॉटेनिकल गार्डन के विकास के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू।

न्यू कानपुर सिटी: 28 साल से लंबित इस योजना के लिए ₹125 करोड़ के विकास कार्य प्रारंभ।

भ्रष्टाचार पर प्रहार और ई-फाइलिंग की शुरुआत

जमीनी स्तर पर भ्रष्टाचार और दलाली की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उपाध्यक्ष ने कड़ी अनुशासनिक कार्रवाई की है।

“कार्यप्रणाली में पारदर्शिता लाने के लिए प्राधिकरण में ई-फाइलिंग सिस्टम लागू कर दिया गया है। इसके साथ ही कर्तव्यों में लापरवाही बरतने वाले 4 कर्मचारियों को निलंबित कर भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त रुख अपनाया गया है।”

यद्यपि भ्रष्टाचार को पूरी तरह जड़ से खत्म करना अब भी एक चुनौती बना हुआ है, लेकिन ई-फाइलिंग और डिजिटल मॉनिटरिंग के माध्यम से बिचौलियों की भूमिका को न्यूनतम करने की कोशिश की जा रही है।

India Varta News
Author: India Varta News

Mohit Chakraborty is the Founder and Editor-in-Chief of India Varta News. He is actively involved in journalism and social service from Fatehpur, Uttar Pradesh. His mission is to deliver unbiased, factual, and public-interest journalism while highlighting local, regional, and national issues. He believes that media is a powerful tool for positive social change.

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