फतेहपुर (असोथर): प्रतिभा संसाधनों की मोहताज नहीं होती, इसे सच कर दिखाया है असोथर की होनहार बेटी दिव्यांशी सिंह ने। सीबीएसई बोर्ड के इंटरमीडिएट परीक्षा परिणामों में दिव्यांशी ने 91.8% अंक प्राप्त कर न केवल अपने परिवार का मान बढ़ाया है, बल्कि समूचे जनपद को गौरवान्वित किया है।
किसान परिवार में खुशियों की लहर
नगर पंचायत असोथर के वार्ड नंबर 15 निवासी और भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के महामंत्री दिनेश प्रताप सिंह की भतीजी दिव्यांशी की इस सफलता की खबर मिलते ही क्षेत्र में जश्न का माहौल है। एक कृषक पृष्ठभूमि से आने वाली बेटी की इस उपलब्धि ने साबित कर दिया कि यदि इरादे बुलंद हों तो कोई भी लक्ष्य नामुमकिन नहीं है। सफलता की सूचना मिलते ही किसान नेता के आवास पर बधाई देने वालों का तांता लग गया।
माता-पिता ने खिलाई मिठाई, मिला आशीर्वाद
परिणाम घोषित होने के बाद दिव्यांशी के घर में उत्सव जैसा माहौल दिखा। माता माया सिंह और पिता शिवप्रताप सिंह ने अपनी लाडली को फूल-माला पहनाकर और लड्डू खिलाकर आशीर्वाद दिया। परिजनों की आंखों में बेटी की इस उपलब्धि पर गर्व साफ झलक रहा था।
न्यू स्टैंडर्ड बालिका विद्यालय की रही हैं मेधावी छात्रा
दिव्यांशी रायबरेली स्थित न्यू स्टैंडर्ड बालिका विद्यालय की छात्रा हैं। खास बात यह है कि दिव्यांशी शुरू से ही मेधावी रही हैं। इससे पहले हाईस्कूल की परीक्षा में भी उन्होंने टॉप कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया था और अब इंटरमीडिएट में अपनी सफलता को दोहराते हुए करियर का एक मजबूत आधार तैयार किया है। विद्यालय प्रबंधन ने भी दिव्यांशी के शानदार प्रदर्शन पर हर्ष जताते हुए उन्हें सम्मानित किया है।
क्षेत्र के युवाओं के लिए बनीं प्रेरणा
असोथर जैसे ग्रामीण परिवेश से निकलकर राष्ट्रीय स्तर के बोर्ड में इतना बेहतर प्रदर्शन करना क्षेत्र के अन्य छात्र-छात्राओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया है। दिव्यांशी के परिजनों ने बताया कि वह भविष्य में देश सेवा करना चाहती हैं और समाज के लिए कुछ बड़ा करने का लक्ष्य रखती हैं।
“दिव्यांशी ने अपनी मेहनत से आज किसान परिवार का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया है। उसकी यह उपलब्धि असोथर के हर उस बच्चे के लिए प्रेरणा है जो बड़े सपने देखता है।”








