तेहरान: ईरान की सत्ता के गलियारों से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान को अपना नया ‘सुप्रीम लीडर’ (सर्वोच्च नेता) मिल गया है। मौजूदा सर्वोच्च नेता अली खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई को उनका उत्तराधिकारी चुन लिया गया है।
गुप्त बैठक में हुआ फैसला
‘ईरान इंटरनेशनल’ ने विश्वसनीय सूत्रों के हवाले से दावा किया है कि ‘विशेषज्ञों की सभा’ (Assembly of Experts) ने एक महत्वपूर्ण बैठक के बाद मोजतबा खामेनेई के नाम पर अंतिम मुहर लगा दी है। बताया जा रहा है कि यह फैसला काफी गोपनीय तरीके से लिया गया है।
IRGC का बड़ा दबाव!
रिपोर्ट्स में एक चौंकाने वाला दावा यह भी किया गया है कि मोजतबा का चुनाव पूरी तरह स्वतंत्र नहीं था। सूत्रों के अनुसार, ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के भारी दबाव के चलते विशेषज्ञों की सभा ने यह निर्णय लिया है। मोजतबा को IRGC का करीबी माना जाता है, जिससे भविष्य में सेना और शासन के बीच तालमेल और मजबूत होने की संभावना है।
कौन हैं मोजतबा खामेनेई?
परिचय: 55 वर्षीय मोजतबा, अली खामेनेई के दूसरे बेटे हैं।
प्रभाव: वे लंबे समय से ईरान के आंतरिक शासन और सुरक्षा मामलों में सक्रिय रहे हैं।
चुनौती: उनकी नियुक्ति के बाद ईरान की आंतरिक राजनीति और पश्चिमी देशों के साथ संबंधों में क्या बदलाव आता है, इस पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हैं।
ईरान सरकार की ओर से अभी इस खबर पर आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय मीडिया में इस खबर ने हलचल मचा दी है।








