
● वाराणसी के अखरी बाईपास स्थित मानव धर्म मंदिर में ‘सद्भावना सत्संग’ एवं ‘नशा छोड़ो अभियान’ का भव्य आयोजन
● राष्ट्र की एकता और अखंडता के संकल्प के साथ निकाली गई भव्य शोभायात्रा
वाराणसी | धर्म नगरी काशी के अखरी बाईपास स्थित ‘मानव उत्थान सेवा समिति’ की शाखा मानव धर्म मंदिर आश्रम में एक दिवसीय विशाल सद्भावना सत्संग समारोह का आयोजन किया गया। आध्यात्मिक गुरु पूज्य श्री सतपाल जी महाराज की प्रेरणा से आयोजित इस कार्यक्रम में भक्ति और अध्यात्म की अविरल धारा बही।
धार्मिकता और आध्यात्मिकता में अंतर
समिति के पूर्वांचल सह प्रभारी महात्मा सार्था नंद जी ने भक्तों को संबोधित करते हुए कहा कि ‘महाजनो येन गत: स पंथा’ अर्थात महापुरुष जिस मार्ग पर चले हैं, वही हमारे लिए कल्याणकारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दान-पुण्य, व्रत-उपवास और सेवा कार्य ‘धार्मिकता’ हैं, लेकिन ज्ञानी संतों के सानिध्य में आत्मज्ञान प्राप्त करना ही वास्तविक ‘आध्यात्मिकता’ है।
हृदय ही संतों की प्रयोगशाला: महात्मा सुजाता बाई
वाराणसी जिला प्रभारी महात्मा सुजाता बाई जी ने सत्संग की अमृत वर्षा करते हुए कहा कि जिस प्रकार वैज्ञानिक प्रयोगशाला (Lab) में अनुसंधान करते हैं, उसी प्रकार संत अपने ‘अंतर्जगत’ में शोध करते हैं। उनका हृदय ही उनकी प्रयोगशाला होता है, जहाँ वे सत्य की खोज करते हैं।
‘नशा छोड़ो अभियान’ के तहत निकाली गई पदयात्रा
महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में श्री सतपाल जी महाराज के निर्देशानुसार राष्ट्रव्यापी “नशा छोड़ो अभियान” चलाया गया। इसी क्रम में अखरी बाईपास पर एक भव्य पदयात्रा निकाली गई। इसमें माताएं-बहनें पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश धारण कर सम्मिलित हुईं। यात्रा के दौरान राष्ट्र की एकता, अखंडता और सनातन धर्म की मजबूती के नारे लगाए गए।
विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति
कार्यक्रम में नेशनल क्राइम इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (NCIB) के ऑफिसर श्री नरेंद्र कुमार और एम.के. आर्यन विशेष रूप से उपस्थित रहे। महात्मा महादेवी बाई जी ने भी अपने विचार साझा किए। समिति के कार्यकर्ताओं ने सभी संतों और अतिथियों का माल्यार्पण कर स्वागत किया।
इनकी रही प्रमुख उपस्थिति
कार्यक्रम को सफल बनाने में जिला प्रधान विजय प्रकाश पाठक, जिला सचिव आर.सी. यादव, छोटेलाल (जिला प्रमुख-मानव सेवा दल), श्याम आसरे पाण्डेय, सागर पटेल, पंकज गुप्ता, शशिकला, पूनम आदेश, नम्रता देवी, माया देवी, किरण देवी और विनोद कुमार सहित भारी संख्या में श्रद्धालु और ‘यूथ विंग’ के सदस्य सक्रिय रहे। आरती और प्रसाद वितरण के साथ समारोह का समापन हुआ।








