
मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) | 23 फरवरी 2026:
जनपद के भोपा थाना क्षेत्र के गांव मोरना में सोमवार की सुबह एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। यहाँ दो सगी बहनों ने मिलकर अपने ही पिता की चाकू से गोदकर निर्मम हत्या कर दी। पुलिस ने चंद घंटों के भीतर ही वारदात का पर्दाफाश करते हुए दोनों आरोपी बेटियों को हिरासत में ले लिया है।
खून से लथपथ मिला 58 वर्षीय रामप्रसाद का शव
सोमवार की सुबह 58 वर्षीय किसान रामप्रसाद का शव उनके कमरे में खून से लथपथ हालत में मिला। गर्दन और पेट पर चाकू के गहरे जख्मों को देखकर गांव में कोहराम मच गया। शुरुआत में पत्नी चंद्रकली ने पुलिस को बताया कि किसी अज्ञात हमलावर ने सोते समय उनके पति की हत्या की है, लेकिन पुलिस की पैनी नजरों से सच छुप न सका।
टोका-टाकी और भेदभाव बनी हत्या की वजह
एसपी देहात आदित्य बंसल और क्षेत्राधिकारी देवव्रत वाजपेई के नेतृत्व में पहुंची पुलिस टीम और फॉरेंसिक एक्सपर्ट्स ने जब गहन पूछताछ शुरू की, तो रोंगटे खड़े कर देने वाला सच सामने आया।
बेटे-बेटी में फर्क: पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि रामप्रसाद अपनी बेटियों पर काफी पाबंदियां लगाते थे और अक्सर बेटे-बेटी में भेदभाव करते थे।
विवाद की परिणति: रविवार देर रात किसी बात को लेकर पिता और बेटियों के बीच तीखी नोकझोंक हुई। इसी विवाद से क्षुब्ध होकर बड़ी बेटी कोमल (30 वर्ष) और उसकी एक नाबालिग छोटी बहन ने योजनाबद्ध तरीके से पिता की हत्या कर दी।
पुलिस की कार्रवाई: भूसे से मिले खून से सने कपड़े
पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त खून से सना चाकू और वारदात के समय पहने गए कपड़े बरामद किए गए हैं, जिन्हें छिपाने के लिए भूसे के ढेर में दबा दिया गया था।
वारदात का संक्षिप्त विवरण:
मृतक: रामप्रसाद (58 वर्ष), करीब 50 बीघा जमीन के मालिक और किसान।
आरोपी: बड़ी बेटी कोमल और एक नाबालिग बेटी।
परिवार: पत्नी चंद्रकली, दो बेटे (अमित व सुमित) और चार बेटियां।
कार्रवाई: मृतक के बेटे अमित कुमार की तहरीर पर अपनी ही दोनों बहनों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज।
“बेटियों द्वारा पिता की हत्या का यह मामला बेहद दुखद है। टोका-टाकी और पारिवारिक भेदभाव के चलते बेटियों ने इस खौफनाक कदम को अंजाम दिया। पुलिस ने साक्ष्य जुटाकर दोनों को हिरासत में ले लिया है।” — आदित्य बंसल, एसपी देहात








