फतेहपुर: भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने अपनी विभिन्न जनहितकारी मांगों को लेकर खागा तहसील में आवाज बुलंद की है। यूनियन के तहसील अध्यक्ष धर्म सिंह चौहान के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने उपजिलाधिकारी (खागा) को एक ज्ञापन सौंपा। इसमें खाद की कालाबाजारी रोकने से लेकर सिंचाई और शिक्षा व्यवस्था सुधारने तक के मुद्दे उठाए गए हैं।
ज्ञापन में प्रमुख मांगें:
शिक्षा व्यवस्था: यूनियन ने मांग की है कि एनसीईआरटी (NCERT) की किताबें सभी स्कूलों में अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाएं, ताकि बच्चों का पठन-पाठन सुचारू रूप से चल सके।
सिंचाई सुविधा: रामगंगा और निचली गंगा नहर से निकलने वाली माइनर नहरों के जो हिस्से अभी तक अधूरे हैं, उन्हें ‘जीर्णोद्धार’ (जी-रामजी योजना) के तहत खुदवाया जाए, ताकि खेतों तक पानी पहुँच सके।
ग्रामीण संपर्क मार्ग: गांव के चकमार्गों को चिह्नित कर उनका निर्माण कराया जाए, ताकि आम जनता को आवागमन में कोई असुविधा न हो।
खाद की उपलब्धता: किसानों को समय पर खाद मिले और खाद के साथ किसी अन्य उत्पाद (टैगिंग) को खरीदने के लिए मजबूर न किया जाए।
पशु स्वास्थ्य: पशुओं का समय रहते टीकाकरण सुनिश्चित किया जाए।
जल जीवन मिशन: ‘जल जीवन मिशन’ के तहत क्षेत्र में जो कार्य अभी भी अधूरे पड़े हैं, उन्हें तत्काल पूरा किया जाए।
प्रशासन को दी चेतावनी
भाकियू के तहसील अध्यक्ष धर्म सिंह चौहान ने चेतावनी दी है कि यदि इन सभी मांगों पर प्रशासन ने त्वरित कार्यवाही नहीं की, तो संगठन तहसील प्रांगण में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होगा।
ज्ञापन सौंपने के दौरान यूनियन के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय किसान मौजूद रहे।








