AIIMS ऋषिकेश में चल रहा 66 वर्षीय भिखारी सिंह का इलाज, मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आर्थिक मदद मिलने का इंतजार; परिवार ने मुख्यमंत्री से लगाई गुहार
✍️ इंडिया वार्ता न्यूज़ | फतेहपुर।
गंभीर बीमारी से जूझ रहे एक बुजुर्ग और उनके परिवार की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। हुसैनगंज थाना क्षेत्र के पतहापर मजरे लकड़ी गांव निवासी 66 वर्षीय भिखारी सिंह कैंसर से पीड़ित हैं। उनका उपचार AIIMS ऋषिकेश में चल रहा है। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के चलते परिवार सरकारी सहायता के भरोसे है, लेकिन प्रशासनिक संस्तुति के बावजूद अब तक राहत राशि नहीं मिल सकी है।
परिजनों के अनुसार, मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से आर्थिक सहायता प्राप्त करने के लिए आवेदन संख्या 14117226000702 के तहत प्रार्थना पत्र दिया गया था। मामले में उपजिलाधिकारी सदर और जिलाधिकारी फतेहपुर ने 31 जुलाई 2026 को तीन लाख रुपये की आर्थिक सहायता की संस्तुति करते हुए प्रस्ताव शासन को भेजा था।
परिवार का कहना है कि प्रस्ताव भेजे जाने के लगभग तीन महीने बीत जाने के बाद भी सहायता राशि प्राप्त नहीं हुई है। वहीं, परिवार आयुष्मान भारत योजना से भी आच्छादित नहीं है। ऐसे में कैंसर के इलाज का खर्च उठाना परिजनों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
मजदूरी के सहारे परिवार का भरण-पोषण करने वाले परिजन अब इलाज और आर्थिक जरूरतों को लेकर परेशान हैं। परिवार ने मुख्यमंत्री से मामले में हस्तक्षेप करते हुए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से प्रस्तावित तीन लाख रुपये की सहायता जल्द उपलब्ध कराने की मांग की है।
अब बड़ा सवाल यह है कि जिलाधिकारी की संस्तुति के बाद भी सहायता का प्रस्ताव शासन स्तर पर कहां अटका हुआ है? गंभीर बीमारी से जूझ रहे बुजुर्ग को आर्थिक राहत के लिए आखिर कब तक इंतजार करना पड़ेगा?








