फतेहपुर : किशनपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले लोची का डेरा (मजरे इटरौरा) गांव में शनिवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक लापता छात्र का शव गांव के बाहर अरहर के खेत में बरामद हुआ। मृतक की पहचान अंकुश निषाद (पुत्र हरिशंकर निषाद) के रूप में हुई है, जो बीते 24 फरवरी से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता था।
घटना का विवरण
परिजनों के अनुसार, अंकुश 24 फरवरी की शाम को घर से निकला था और वापस नहीं लौटा। काफी खोजबीन के बाद भी जब उसका कोई सुराग नहीं मिला, तो परिवार में चिंता बढ़ गई थी। शनिवार को ग्रामीणों ने खेत में शव पड़ा देख परिजनों को सूचित किया। मौके पर पहुँचकर परिजनों ने शव की शिनाख्त की, जिसके बाद पूरे इलाके में कोहराम मच गया।
परिजनों के गंभीर आरोप
मृतक के परिवार ने इस मामले में अपहरण और हत्या की आशंका जताई है। परिजनों का आरोप है कि:
अंकुश को अगवा करने के बाद उसकी हत्या की गई और साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शव को अरहर के खेत में फेंक दिया गया।
घटना के पीछे पुरानी रंजिश होने का भी संदेह जताया जा रहा है।
पुलिस की कार्रवाई
सूचना मिलते ही किशनपुर थाना पुलिस ने मौके पर पहुँचकर घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया।
शव का पंचनामा: पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है।
जांच के बिंदु: पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। फिलहाल आसपास के लोगों और संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है।
“मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और साक्ष्यों के आधार पर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।” — पुलिस विभाग
इलाके में तनाव का माहौल
इस घटना के बाद से गांव और आसपास के क्षेत्रों में आक्रोश और दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की है। पुलिस बल को सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए तैनात किया गया है।









