फतेहपुर। जनपद में भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) की मासिक बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें किसानों की समस्याओं और सरकार के हालिया फैसलों पर गहन मंथन हुआ। बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष राजकुमार सिंह गौतम (सोनू सिंह) ने की। इस दौरान संगठन को मजबूत करने और किसानों के हितों की रक्षा के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
सरकार के फैसले की सराहना
बैठक में प्रदेश सरकार द्वारा किसानों के निजी नलकूपों पर लगने वाले बिजली कनेक्शन के एस्टीमेट में 50% की कटौती करने के निर्णय का पुरजोर स्वागत किया गया। किसान नेताओं ने इसे एक ऐतिहासिक और किसान हितैषी कदम बताया, जिससे नए कनेक्शन लेने वाले किसानों को बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी।
बिजली आपूर्ति और सुरक्षा की चुनौती
किसानों ने बैठक में बिजली विभाग के नए फीडरों के माध्यम से मिलने वाली 10 घंटे की आपूर्ति (सुबह 6 से शाम 4 बजे तक) पर चर्चा की। किसानों ने एक व्यावहारिक समस्या उठाते हुए कहा कि:
दिनभर खेतों में काम करने के बाद किसानों को रात में भी फसलों की सुरक्षा के लिए रुकना पड़ता है।
रात के समय बिजली न होने से जंगली जानवरों और चोरों का खतरा बढ़ जाता है।
प्रमुख मांग: किसानों ने मांग की है कि रात के समय कम से कम एक फेज (Single Phase) बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए ताकि खेतों में रोशनी रहे और फसलों की सुरक्षा हो सके।
संगठन विस्तार की रणनीति
बैठक में निर्णय लिया गया कि संगठन की पैठ मजबूत करने के लिए अब गांव-गांव किसान पंचायतें आयोजित की जाएंगी। इससे निचले स्तर के किसानों की समस्याओं को सीधा प्रशासन तक पहुँचाया जा सकेगा।
ये रहे मौजूद
इस महत्वपूर्ण बैठक में असोथर ब्लॉक अध्यक्ष दीपेश सिंह भदोरिया, रवि देव सिंह गौतम, उपाध्यक्ष अजय सिंह, दिनेश प्रताप सिंह सहित संगठन के कई पदाधिकारी और सैकड़ों की संख्या में किसान उपस्थित रहे।
प्रशासन के लिए संदेश: किसानों ने स्पष्ट किया कि यदि रात की बिजली आपूर्ति और सुरक्षा जैसे मुद्दों पर जल्द ध्यान नहीं दिया गया, तो संगठन अपनी भावी रणनीति तय करेगा।








