ब्यूरो रिपोर्ट राहुल द्विवेदी कानपुर
कानपुर। चमनगंज थाना क्षेत्र में साइबर सेल ने एक 23 वर्षीय युवक को नाबालिग बच्चियों से जुड़े कथित आपत्तिजनक वीडियो अपने मोबाइल और क्लाउड स्टोरेज में सुरक्षित रखने के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, मामले का खुलासा गूगल के सुरक्षा तंत्र से प्राप्त अलर्ट के बाद हुआ, जिसके आधार पर तकनीकी जांच शुरू की गई।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि बाल यौन शोषण से संबंधित संदिग्ध डिजिटल सामग्री की सूचना मिलने के बाद साइबर टीम ने मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद से आरोपी की पहचान की। इसके बाद चमनगंज क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी का मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरण कब्जे में लेकर जांच की। प्रारंभिक जांच में मोबाइल और क्लाउड स्टोरेज से कई कथित आपत्तिजनक वीडियो मिलने की बात सामने आई है। पुलिस का कहना है कि डिजिटल साक्ष्यों को सुरक्षित कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इन सामग्रियों को किसी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, वेबसाइट या अन्य माध्यम से साझा किया गया था या नहीं।
जांच के दौरान पुलिस को यह भी जानकारी मिली कि आरोपी कथित रूप से नाबालिग बच्चियों को टॉफी और चॉकलेट का लालच देकर अपने पास बुलाता था। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि इस संबंध में सभी तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है और जांच अभी जारी है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी के मोबाइल में कई एप्लिकेशन पासवर्ड से सुरक्षित थे। इसके अलावा इंटरनेट ब्राउज़र की हिस्ट्री और अन्य डिजिटल रिकॉर्ड की भी विशेषज्ञों द्वारा गहन जांच की जा रही है, ताकि मामले के सभी पहलुओं का खुलासा हो सके।
एडीसीपी क्राइम अंजलि विश्वकर्मा ने बताया कि गूगल से प्राप्त सूचना के आधार पर साइबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। उन्होंने कहा कि मामले की निष्पक्ष जांच जारी है और फॉरेंसिक रिपोर्ट व अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।








