ब्यूरो रिपोर्ट राहुल द्विवेदी कानपुर
कानपुर। अनवरगंज क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल में नवजात की मौत के मामले में न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने चार डॉक्टरों और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं।
बेकनगंज निवासी मोहम्मद इस्लाम द्वारा न्यायालय में दिए गए प्रार्थना पत्र के अनुसार उनकी पत्नी रुबीना, जो गर्भावस्था के अंतिम चरण में थीं, को 5 मई को तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने सामान्य प्रसव का भरोसा देते हुए कई घंटों तक इंतजार कराया और इलाज के नाम पर करीब 45 हजार रुपये जमा कराए। परिजनों का यह भी आरोप है कि इस दौरान उन्हें मरीज से मिलने की अनुमति नहीं दी गई।
शिकायत के मुताबिक देर रात ऑपरेशन के बाद परिजनों को मृत नवजात सौंपा गया। परिजनों ने आरोप लगाया कि नवजात के गले पर संदिग्ध निशान थे। विरोध करने पर अस्पताल कर्मियों द्वारा अभद्र व्यवहार और धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।
पीड़ित पक्ष का कहना है कि स्थानीय स्तर पर शिकायत के बावजूद कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। न्यायालय के निर्देश पर अनवरगंज थाना पुलिस ने एफआईआर संख्या 0072/2026 दर्ज कर डॉ. पूनम, डॉ. रुचि राठौर, डॉ. यासिर, डॉ. ए. अनीस तथा एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच निष्पक्ष ढंग से की जा रही है। जांच में सामने आने वाले साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।








