जर्जर भवन, शौचालय, विज्ञान प्रयोगशाला और पुस्तकालय की समस्याओं को लेकर करीब 50 छात्रों का धरना
खागा/फतेहपुर। किशनपुर कस्बे के सर्वोदय इंटर कॉलेज में विद्यालय की व्यवस्थाओं को लेकर छात्रों का आक्रोश एक बार फिर सामने आया। पूर्व में प्रदर्शन के दौरान मिले लिखित आश्वासन के बावजूद कई समस्याओं का समाधान न होने का आरोप लगाते हुए सोमवार को करीब 50 छात्र विद्यालय के मुख्य गेट के बाहर सड़क पर धरने पर बैठ गए। छात्रों के दोबारा आंदोलन की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों में हलचल मच गई।
छात्रों का कहना है कि 28 अगस्त को भी विद्यालय की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया गया था। उस समय जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) की ओर से लिखित आश्वासन दिया गया था कि जर्जर भवन, शौचालय, विज्ञान प्रयोगशाला, पुस्तकालय और खेल मैदान समेत अन्य समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। छात्रों के मुताबिक पंखे और पेयजल से जुड़ी समस्या पर कार्रवाई हुई, लेकिन कई प्रमुख समस्याएं अब भी जस की तस बनी हुई हैं।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे छात्र अमन कुमार ने आरोप लगाया कि पिछली बार अधिकारियों ने विद्यालय की जर्जर बिल्डिंग और अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त कराने का भरोसा दिया था, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई। छात्रों ने विज्ञान वर्ग के विद्यार्थियों के लिए प्रयोगशाला, पुस्तकालय और खेल मैदान की बेहतर व्यवस्था कराने की मांग दोहराई।
जर्जर कमरों और टपकती छत को लेकर चिंता
छात्रों ने विद्यालय के जर्जर कमरों की स्थिति भी सामने रखी। उनका कहना है कि कई स्थानों पर भवन की दीवारें खराब हैं और बारिश के दौरान छत से पानी टपकता है। इससे पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को परेशानी होती है और सुरक्षा को लेकर भी चिंता बनी रहती है।
धरने की सूचना पर पुलिस और पीएसी की मौजूदगी में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई। इसके बावजूद छात्र सुबह से दोपहर तक धरने पर बैठे रहे। वहीं विद्यालय में नियमित कक्षाएं भी संचालित होती रहीं और अन्य विद्यार्थी कक्षाओं में पढ़ाई करते नजर आए।
अभिभावकों ने भी उठाई समस्याओं की बात
कुछ अभिभावकों ने भी छात्रों की मांगों का समर्थन किया। मड़ौली गांव निवासी धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि उनकी दो बेटियां कक्षा 10 और 12 में पढ़ती हैं। उन्होंने विद्यालय में बताई जा रही समस्याओं को दूर किए जाने की जरूरत बताई।
अधिकारियों ने समझाने का किया प्रयास
मामले की जानकारी पर जिला विद्यालय निरीक्षक, सीओ, एसडीएम और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने छात्रों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन छात्र अपनी मांगों को लेकर धरने पर डटे रहे।
छात्रों ने चेतावनी दी कि यदि इस बार भी उन्हें केवल आश्वासन मिला और विद्यालय की समस्याओं पर ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को आगे और व्यापक किया जाएगा।
एक महीने में दूसरी बार प्रदर्शन
एक माह के भीतर दूसरी बार छात्रों के सड़क पर उतरने से विद्यालय की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठे हैं। अब छात्रों के पूर्व प्रदर्शन के बाद दिए गए आश्वासन पर हुई कार्रवाई और वर्तमान आंदोलन के बाद प्रशासन एवं विद्यालय प्रबंधन की ओर से उठाए जाने वाले कदम पर नजर है।








