काली पट्टी बांधकर ‘लाठी-गर्जना’ के जरिए जताया विरोध, मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की उठाई मांग
फतेहपुर, 12 अक्टूबर। महिलाओं की सुरक्षा, अधिकारों और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को लेकर गुलाबी गैंग लोकतांत्रिक ने सोमवार को फतेहपुर के सुजानपुर स्थित कार्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष हेमलता पटेल के नेतृत्व में महिलाओं ने सिर पर काली पट्टी बांधकर ‘लाठी-गर्जना’ के माध्यम से अपना विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शन के दौरान महिला उत्पीड़न, कथित वोट चोरी, मौलिक अधिकारों के हनन और सत्ता के कथित दुरुपयोग जैसे मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए।
प्रदर्शन में शामिल महिलाओं ने हाथों में विभिन्न मांगों से संबंधित तख्तियां लेकर नारेबाजी की। कार्यकर्ताओं ने लाठियां जमीन पर पटककर अपने आक्रोश का इजहार किया और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा की मांग की।
महिला सुरक्षा और अधिकारों को लेकर जताई चिंता
संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष हेमलता पटेल ने दिल्ली की घटनाओं का जिक्र करते हुए महिलाओं और आम नागरिकों के साथ कथित दुर्व्यवहार तथा शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के आरोपों पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने और अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने का अधिकार है।
उन्होंने महिला उत्पीड़न पर प्रभावी रोक लगाने और नागरिकों के मौलिक अधिकारों की रक्षा करने की आवश्यकता पर जोर दिया। संगठन ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक मूल्यों और अधिकारों से जुड़े सवालों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए।
कथित वोट चोरी के मुद्दे पर भी प्रदर्शन
प्रदर्शन के दौरान कथित वोट चोरी का मुद्दा भी उठाया गया। संगठन की ओर से मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की गई। महिलाओं ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया की निष्पक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की आवाज बुलंद की।
गुलाबी गैंग लोकतांत्रिक के इस प्रदर्शन के जरिए महिला सुरक्षा, नागरिक अधिकारों और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को सार्वजनिक रूप से उठाया गया। संगठन ने अपने विरोध के माध्यम से संबंधित मामलों पर जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की।







