नसीराबाद/छतोह (रायबरेली): उत्तर प्रदेश के रायबरेली जनपद अंतर्गत छतोह क्षेत्र में इन दिनों रसोई गैस की भारी किल्लत ने आम जनता के पसीने छुड़ा दिए हैं। क्षेत्र की दो प्रमुख गैस एजेंसियों—विनायक गैस एजेंसी (नसीराबाद) और जगदीश गैस सर्विस (छतोह)—पर पिछले एक सप्ताह से आपूर्ति ठप होने के कारण उपभोक्ताओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
सुबह से शाम तक कतारें, फिर भी निराशा
क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों से आने वाले उपभोक्ता सुबह 8 बजे से ही एजेंसियों के बाहर खाली सिलेंडर लेकर कतारों में खड़े हो जाते हैं। बेवल गांव के निवासी नीरज ने अपना दुखड़ा सुनाते हुए कहा, “मैं पिछले चार दिनों से लगातार गैस लेने आ रहा हूँ, लेकिन शाम को खाली हाथ ही लौटना पड़ता है।” वहीं धरई के रहने वाले राम सुमेर का कहना है कि एक हफ्ते से रसोई में चूल्हा जलना मुश्किल हो गया है, क्योंकि एजेंसी पर गैस उपलब्ध ही नहीं है।
होली और उज्ज्वला योजना ने बढ़ाया दबाव
एजेंसी संचालक राम प्रकाश पांडेय के अनुसार, समस्या की मुख्य वजह आपूर्ति में आई भारी कमी है। उन्होंने बताया:
दोनों एजेंसियों को मिलाकर कुल 30,000 उपभोक्ता कनेक्शन हैं।
मार्च 2025 की शुरुआत से ही कंपनी से सिलेंडर की खेप कम आ रही है।
होली के त्यौहार के मद्देनजर सरकार द्वारा उज्ज्वला योजना के तहत मुफ्त सिलेंडर दिए जाने की घोषणा के बाद भीड़ में अचानक भारी इजाफा हुआ है।
मांग के मुकाबले आपूर्ति ऊंट के मुंह में जीरा
संचालक ने बताया कि एक सप्ताह के लंबे इंतजार के बाद शुक्रवार को मात्र 342 सिलेंडर प्राप्त हुए थे, जिनका वितरण तुरंत कर दिया गया। लेकिन हजारों की संख्या में उपभोक्ताओं के सामने यह आपूर्ति बेहद कम साबित हो रही है। गैस न मिलने से नाराज उपभोक्ताओं ने प्रशासन से जल्द से जल्द आपूर्ति सुचारू कराने की मांग की है ताकि त्यौहार के समय उन्हें राहत मिल सके।








