रिपोर्ट: आदर्श सिंह, संवाददाता (असोथर)
असोथर (फतेहपुर): क्षेत्र के मुराई डेरा मोहल्ला के पास शनिवार शाम एक रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा सामने आया। मरका (बांदा) से मोरम लादकर आ रहा एक ओवरलोड ट्रैक्टर अनियंत्रित होकर करीब 10 फीट गहरी खाई में जा गिरा। इस हादसे में चालक करीब दो घंटे तक ट्रॉली के नीचे दबा रहा, जिसे कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला जा सका।
आंधी बनी हादसे का कारण
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बांदा जनपद के मरका घाट से ओवरलोड मोरम लेकर ट्रैक्टर फतेहपुर की ओर जा रहा था। सड़क किनारे ट्रक खड़े होने के कारण रास्ता संकरा था, तभी अचानक तेज आंधी चलने लगी। आंधी के कारण आंखों में धूल पड़ने से चालक नियंत्रण खो बैठा और ट्रैक्टर सीधे गहरी खाई (खाती) में पलट गया।
जिंदगी और मौत के बीच दो घंटे का संघर्ष
हादसे में ट्रैक्टर चालक मोहित कुमार (20), पुत्र रंजीत यादव, निवासी विधातीपुर, भारी-भरकम ट्रॉली के नीचे दब गया। सूचना मिलते ही मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। पुलिस ने तुरंत नगर पंचायत की जेसीबी मशीन बुलाई, लेकिन सफलता नहीं मिली। अंततः घाट संचालकों की पोकलैंड मशीन की मदद ली गई। करीब दो घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद मोहित को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
अस्पताल में हालत नाजुक
गंभीर रूप से घायल मोहित को एंबुलेंस के जरिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र असोथर ले जाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए तत्काल जिला अस्पताल (सदर) रेफर कर दिया। दो घंटे तक मलबे के नीचे दबे रहने के बावजूद युवक की सांसें चलती रहीं, जिसे देख स्थानीय लोग इसे चमत्कार मान रहे हैं।
ओवरलोडिंग पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों का कहना है कि ओवरलोडिंग के कारण आए दिन ऐसे हादसे हो रहे हैं। साथ ही, समय पर बचाव संसाधन उपलब्ध न होने के कारण रेस्क्यू में देरी हुई। देर शाम तक पूरे इलाके में इस घटना को लेकर दहशत और चिंता का माहौल बना रहा।








