फतेहपुर। आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) के जिलाध्यक्ष संजय कुमार वर्मा ने शनिवार को जिलाधिकारी फतेहपुर के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति महोदया को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में युवाओं के हितों की रक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं एवं भर्ती प्रक्रियाओं में सुधार तथा हालिया छात्र आंदोलनों के दौरान हुई घटनाओं की निष्पक्ष जांच की मांग की गई है।

पार्टी ने अपने ज्ञापन में कहा कि देश का युवा शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता, प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता और रोजगार के अवसरों को लेकर चिंतित है। साथ ही, हाल के छात्र आंदोलनों के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई ने भी कई सवाल खड़े किए हैं। लोकतांत्रिक व्यवस्था में युवाओं की आवाज को महत्व दिए जाने और उनकी मांगों पर संवेदनशीलता के साथ निर्णय लिए जाने की आवश्यकता बताई गई।
ज्ञापन में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने की मांग की गई है। इसके अलावा, NEET पेपर लीक प्रकरण से प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता प्रदान करने, संसद में पेपर लीक और छात्र आंदोलनों पर चर्चा कराने तथा आंदोलन में शामिल छात्रों के खिलाफ किसी भी प्रकार की दंडात्मक कार्रवाई न करने की मांग उठाई गई।
पार्टी ने शिक्षा माफिया और पेपर लीक गिरोहों के खिलाफ कठोर एवं समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग करते हुए जौहर यूनिवर्सिटी, रामपुर पर प्रस्तावित बुलडोजर कार्रवाई को रोकने और वहां अध्ययनरत छात्रों के हितों की रक्षा करने का भी आग्रह किया है।
इसके अतिरिक्त, ज्ञापन में छात्र आंदोलनों के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच कराने, सादी वर्दी में मौजूद व्यक्तियों की पहचान सार्वजनिक करने, आंसू गैस के गोलों एवं कथित कीलों वाली लाठियों के प्रयोग की जांच कराने तथा भविष्य में सुरक्षा बलों की वर्दी पर स्पष्ट नेम प्लेट अनिवार्य किए जाने की मांग की गई है।
शिक्षा एवं भर्ती सुधार के संबंध में पार्टी ने NEET, JEE सहित सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए पारदर्शी एवं सुरक्षित परीक्षा प्रणाली लागू करने, परीक्षा शुल्क समाप्त करने, अभ्यर्थियों के लिए निकटवर्ती परीक्षा केंद्र सुनिश्चित करने, भर्ती घोटालों के दोषियों को सख्त सजा देने तथा सभी विभागों में समयबद्ध भर्ती प्रक्रिया लागू करने की मांग की है। साथ ही, राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर पर वार्षिक भर्ती कैलेंडर जारी करने और प्रतियोगी परीक्षाओं में लागू नॉर्मलाइजेशन प्रणाली को समाप्त करने की भी बात कही गई है।
आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) ने कहा कि शिक्षा, रोजगार और न्याय देश के प्रत्येक युवा का संवैधानिक अधिकार है। पार्टी ने उम्मीद जताई कि इन मांगों पर समयबद्ध और प्रभावी कार्रवाई से युवाओं का लोकतांत्रिक संस्थाओं, परीक्षा प्रणाली और भर्ती व्यवस्था में विश्वास और मजबूत होगा।








