नई दिल्ली। भारतीय रेलवे की सुरक्षा व्यवस्था एक बार फिर चर्चा में है। रेल मंत्रालय के रेलवे बोर्ड द्वारा जारी एक आधिकारिक पत्र से यह जानकारी सामने आई है कि राज्यसभा में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के कार्यों और प्रदर्शन को लेकर सवाल पूछा जाएगा।
रेलवे बोर्ड ने देश के सभी जोनल रेलवे और रेलवे सुरक्षा अधिकारियों से पिछले तीन वर्षों में RPF कर्मियों के खिलाफ दर्ज शिकायतों और उन पर की गई कार्रवाई का विस्तृत ब्योरा मांगा है। इसके अलावा, जुलाई 2026 में आगरा रेलवे स्टेशन पर एक रेल कर्मचारी के साथ RPF जवानों द्वारा कथित मारपीट और घसीटने की घटना के संबंध में अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी भी तलब की गई है।
राज्यसभा में प्रस्तावित प्रश्न का एक महत्वपूर्ण हिस्सा यह भी है कि क्या RPF के प्रदर्शन को देखते हुए रेलवे परिसरों की सुरक्षा की जिम्मेदारी केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को सौंपे जाने पर विचार किया जाएगा।
रेलवे बोर्ड ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि संसद में पूछे जाने वाले प्रश्न का तथ्यात्मक और संतोषजनक उत्तर प्रस्तुत किया जा सके।
हालांकि, रेलवे या रेल मंत्रालय की ओर से अभी तक RPF को हटाने अथवा उसकी जगह CISF को तैनात करने संबंधी कोई आधिकारिक निर्णय या घोषणा नहीं की गई है। ऐसे में सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे “RPF को हटाने की तैयारी” जैसे दावों की फिलहाल पुष्टि नहीं होती है।
अब सभी की निगाहें राज्यसभा में सरकार द्वारा दिए जाने वाले जवाब पर टिकी हैं, जिससे रेलवे सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भविष्य की दिशा स्पष्ट हो सकती है।
ब्यूरो रिपोर्ट
India Varta News








