बिंदकी के बेहटा गांव में आधी रात को हुई घटना से मचा हड़कंप, फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य; पुलिस जांच में सामने आई मंदिर निर्माण से जुड़ी वजह
फतेहपुर, 29 अक्टूबर। जिले के बिंदकी थाना क्षेत्र के बेहटा गांव में तीन मंदिरों की मूर्तियां क्षतिग्रस्त किए जाने की घटना से इलाके में हड़कंप मच गया। सुबह घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस महकमा सक्रिय हो गया। मौके पर पहुंची पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जरूरी साक्ष्य जुटाए। वहीं, पुलिस ने ग्रामीणों से पूछताछ और सीसीटीवी फुटेज की जांच के बाद गांव के ही एक युवक मनोज को हिरासत में लिया है।
सुबह होते ही सामने आई घटना, पुलिस ने संभाला मोर्चा
पुलिस के मुताबिक, 29 अक्टूबर की सुबह करीब सात बजे यूपी-112 के माध्यम से बेहटा गांव के तीन मंदिरों में मूर्तियां क्षतिग्रस्त किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही बिंदकी पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए।
सीसीटीवी फुटेज और पूछताछ से संदिग्ध तक पहुंची पुलिस
मामले में वादी दयाशंकर की तहरीर पर थाना बिंदकी में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने गांव के लोगों से पूछताछ करने के साथ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली।
पुलिस की जांच में सामने आया कि घटना 28 और 29 अक्टूबर की मध्यरात्रि के दौरान हुई। जांच के आधार पर गांव निवासी मनोज को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई।
पूछताछ में मंदिर निर्माण से जुड़ी बात आई सामने
अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञान प्रकाश राय के अनुसार, पूछताछ के दौरान युवक ने मंदिर की मूर्तियां क्षतिग्रस्त करने के पीछे मंदिर निर्माण में काम मिलने की उम्मीद से जुड़ी बात बताई। पुलिस के मुताबिक, उसे आशंका थी कि मूर्तियां क्षतिग्रस्त होने के बाद मंदिर का दोबारा निर्माण कराया जा सकता है, जिसमें उसे मजदूरी और कुछ आर्थिक मदद मिल सकती है।
पुलिस ने यह भी बताया कि हिरासत में लिया गया युवक नशे का आदी है और उसे मानसिक स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां होने की बात भी सामने आई है। हालांकि, इन परिस्थितियों और घटना के पीछे बताए गए कारणों की पुष्टि जांच के आधार पर ही हो सकेगी।
पुलिस कार्रवाई पर टिकी ग्रामीणों की निगाहें
तीन मंदिरों में मूर्तियां क्षतिग्रस्त होने की घटना के बाद गांव में पुलिस की कार्रवाई को लेकर चर्चा है। फिलहाल पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है और हिरासत में लिए गए युवक के खिलाफ नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
प्रशासन के सामने घटना की निष्पक्ष जांच के साथ गांव में शांति और सौहार्द बनाए रखने की जिम्मेदारी भी है।







