फतेहपुर। मलवां ब्लॉक क्षेत्र के हरदौलपुर और आसपास के गांवों में एक फैक्ट्री से निकलने वाले कथित दूषित पानी को बड़े गड्ढों में डंप किए जाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि रासायनिक युक्त पानी लगातार गड्ढों में भरा जा रहा है, जिससे भूजल और आसपास के जलस्रोत प्रदूषित होने का खतरा बढ़ गया है। इसको लेकर क्षेत्र में चिंता और आक्रोश का माहौल है।
ग्रामीणों के अनुसार फैक्ट्री का दूषित पानी मोहैर, कंकराबाद, पंचवरा, करनपुर, भोजपुर, बौंधीखेड़ा, शंभी का डेरा और पुरानी कटरी सहित कई गांवों के आसपास बने बड़े गड्ढों में डाला जा रहा है। कंकराबाद गांव के पास अभिनव प्रज्ञा डिग्री कॉलेज के पीछे भी बड़े गड्ढे खोदकर पाइपलाइन के माध्यम से दूषित पानी भरे जाने का आरोप लगाया गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई तो भूजल दूषित होने के साथ-साथ आसपास के गांवों के लोगों के स्वास्थ्य पर भी गंभीर असर पड़ सकता है। उनका कहना है कि गोयरेली और रावतपुर जैसे हालात यहां भी बनने की आशंका है।
शिवराजपुर निवासी त्रिपाठी ने बताया कि इस मामले की शिकायत कई बार तहसील दिवस में की गई, लेकिन अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। वहीं कंकराबाद निवासी कमल नयन बाजपेयी ने भी जनसुनवाई पोर्टल पर कई बार शिकायत दर्ज कराने की बात कही और आरोप लगाया कि कार्रवाई के नाम पर केवल खानापूर्ति की गई।
उधर, एसडीएम बिंदकी प्रदीप कुमार ने कहा कि उनके संज्ञान में अभी तक इस संबंध में कोई औपचारिक शिकायत नहीं आई है। शिकायत प्राप्त होने पर मामले की जांच कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।








