फतेहपुर। दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों द्वारा निकाले गए ‘चलो संसद’ मार्च के दौरान पुलिस कार्रवाई को लेकर गुलाबी गैंग लोकतांत्रिक ने कड़ा विरोध जताया है। संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष हेमलता पटेल ने जारी बयान में कहा कि छात्रों और छात्राओं पर बल प्रयोग लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत है और इससे युवाओं में आक्रोश बढ़ रहा है।
हेमलता पटेल ने कहा कि अपने भविष्य, शिक्षा और रोजगार से जुड़े मुद्दों को लेकर आवाज उठा रहे युवाओं के साथ संवाद करने के बजाय उन पर लाठीचार्ज, वॉटर कैनन और आंसू गैस का प्रयोग किया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखने का अधिकार है और इस अधिकार का सम्मान किया जाना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों की मांगों को सुनने के बजाय आंदोलन को दबाने का प्रयास किया गया। विशेष रूप से छात्राओं के साथ हुई कथित अभद्रता और बल प्रयोग को लेकर उन्होंने चिंता व्यक्त की और इसकी निष्पक्ष जांच की मांग की।
गुलाबी गैंग लोकतांत्रिक की अध्यक्ष ने मांग की कि हिरासत में लिए गए छात्र नेताओं को तत्काल रिहा किया जाए तथा घटना की जांच कर दोषी अधिकारियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि युवाओं की समस्याओं का समाधान दमन नहीं, बल्कि संवाद और सकारात्मक पहल से ही संभव है।
हेमलता पटेल ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों की मांगों और उनकी आवाज को लगातार नजरअंदाज किया गया तो संगठन लोकतांत्रिक तरीके से उनके समर्थन में व्यापक जनजागरण अभियान चलाएगा।








